अव्यय: अपि (Api)
परिचय: बहुअर्थी अव्यय
अर्थ: (1) भी (Also) | (2) क्या? (Question Marker).
यह संस्कृत का एक जादुई शब्द है जिसका अर्थ उसके स्थान (Position) के आधार पर बदल जाता है।
यह संस्कृत का एक जादुई शब्द है जिसका अर्थ उसके स्थान (Position) के आधार पर बदल जाता है।
1. भी (Also)
(वाक्य के बीच में)
|
2. क्या? (Question)
(वाक्य के आरम्भ में)
💡 प्रयोग का नियम (Golden Rule):
1. यदि 'अपि' शब्द के बाद आए, तो अर्थ है 'भी'।
(अहं अपि = मैं भी)
2. यदि 'अपि' वाक्य की शुरुआत में आए, तो अर्थ है 'क्या' (प्रश्न)।
(अपि त्वं गच्छसि? = क्या तुम जा रहे हो?)
1. यदि 'अपि' शब्द के बाद आए, तो अर्थ है 'भी'।
(अहं अपि = मैं भी)
2. यदि 'अपि' वाक्य की शुरुआत में आए, तो अर्थ है 'क्या' (प्रश्न)।
(अपि त्वं गच्छसि? = क्या तुम जा रहे हो?)
विस्तृत उदाहरण (20+ Examples)
'अपि' के प्रयोग के 20 से अधिक उदाहरण (दोनों अर्थों में):
➕ A. 'भी' के अर्थ में (Also/Too)
| संस्कृत वाक्य | हिन्दी अनुवाद |
|---|---|
| 1अहं अपि विद्यालयं गच्छामि। | मैं भी विद्यालय जाता हूँ। |
| 2त्वं अपि अत्र उपविश। | तुम भी यहाँ बैठो। |
| 3सः अपि पठितुम् इच्छति। | वह भी पढ़ना चाहता है। |
| 4रामः वनं अगच्छत्, लक्ष्मणः अपि अगच्छत्। | राम वन गए, लक्ष्मण भी गए। |
| 5अत्र अपि वृक्षाः सन्ति। | यहाँ भी पेड़ हैं। |
| 6मम अपि एषः एव विचारः। | मेरा भी यही विचार है। |
| 7बालिका अपि खेलति। | बालिका भी खेलती है। |
❓ B. प्रश्नवाचक 'क्या' (Interrogative)
| संस्कृत वाक्य | हिन्दी अनुवाद |
|---|---|
| 8अपि भवान् कुशलः? | क्या आप कुशल (ठीक) हैं? |
| 9अपि त्वं सत्यं वदसि? | क्या तुम सच बोल रहे हो? |
| 10अपि सः आगमिष्यति? | क्या वह आएगा? |
| 11अपि एतत् पुस्तकं तव अस्ति? | क्या यह पुस्तक तुम्हारी है? |
| 12अपि स्वर्णस्य सुगन्धः अस्ति? | क्या सोने में सुगंध होती है? (नहीं होती) |
| 13अपि अहं प्रष्टुं शक्नोमि? | क्या मैं पूछ सकता हूँ? |
| 14अपि अत्र कोऽपि अस्ति? | क्या यहाँ कोई है? |
🦁 C. 'तक' या जोर देने के लिए (Even)
| संस्कृत वाक्य | हिन्दी अनुवाद |
|---|---|
| 15सिंहः अपि भीतः अभवत्। | शेर भी (शेर तक) डर गया। |
| 16मूर्खः अपि एतत् जानाति। | मूर्ख भी यह जानता है। |
| 17देवानाम् अपि दुर्लभम्। | देवताओं के लिए भी दुर्लभ है। |
| 18एकं अपि फलं नास्ति। | एक भी फल नहीं है। |
| 19क्षणम् अपि मा तिष्ठ। | क्षण भर भी मत रुको। |
| 20अद्य अपि सः स्मरति। | आज भी उसे याद है। |
| 21कदा अपि असत्यं मा वद। | कभी भी झूठ मत बोलो। (कदापि) |
⚠️ संधि नियम (Note):
अक्सर 'अपि' संधि होकर 'ऽपि' (Avagraha) बन जाता है।
उदा: सः + अपि = सोऽपि (वह भी)।
कः + अपि = कोऽपि (कोई भी)।
अक्सर 'अपि' संधि होकर 'ऽपि' (Avagraha) बन जाता है।
उदा: सः + अपि = सोऽपि (वह भी)।
कः + अपि = कोऽपि (कोई भी)।
